श्रीराम जय राम जय जय राम, শ্ৰীৰাংজয়ৰাংজয়জয়ৰাং, শ্রীরাম জয় রাম জয় জয় রাম , શ્રીરામ જય રામ જયજય રામ, ಶ್ರೀರಾಮಜಯರಾಮಜಯಜಯರಾಮ, ശ്രിറാം ജയ് റാം ജയ്‌ ജയ് റാം, శ్రీరాంజయరాంజయజయరాం

हिन्दू सुरक्षा, समृद्धि, समान कानून व राम मंदिर के संकल्प के साथ संपन्न हुई विहिप बैठक

केन्द्रीय प्रन्यासी मंडल व प्रबंध समिति बैठक में पारित हुआ समान नागरिक संहिता प्रस्ताव
विश्व हिन्दू परिषद की केन्द्रीय प्रन्यासी मंडल व प्रबंध समिति की तीन दिवसीय बैठक २९-३१ दिसंबर को नागपुर के माँ उमिया धाम आश्रम में संपन्न हुई. बैठक में जहां देश भर से लगभग २५० वरिष्ठ पदाधिकारियों ने भाग लिया वहीं भारत के बाहर के एक दर्जन से अधिक विदेशी प्रतिनिधियों ने भी सहभागिता की. बैठक में जहां छुआ छूत उन्मूलन, हिन्दू सुरक्षा, धर्मांतरण, गौ रक्षा, शिक्षा, संस्कृत उत्थान, मठ-मंदिर, सामाजिक समरसता, सेवा कार्य, श्रीराम जन्मभूमि तथा विदेशों में हिन्दू समाज जैसे अनेक विषयों पर गंभीर मंथन हुआ वहीं, समान नागरिक संहिता की मांग करते हुए एक प्रस्ताव भी पारित हुआ.
२९ दिसंबर शुक्रवार को बैठक के उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए पूज्य संत गोविन्द देव गिरी जी महाराज ने कहा कि विश्व हिन्दू परिषद जिसकी स्थापना परम पूज्यनीय श्री गुरुजी ने “ धर्मो रक्षति रक्षितः “ के मन्त्र द्वारा एक विशेष कार्य की अपेक्षा के साथ की और माननीय श्री अशोक सिंहल जैसे महापुरुषों के चिंतन ने इसको गति प्रदान की, आज सम्पूर्ण विश्व में यह धर्म का सबसे बड़ा आशा स्थल बन गया है. हिन्दू धर्म की सुरक्षा, समृद्धि व संगठन के माध्यम से ही विश्व का कल्याण संभव है. गौ, गंगा, गीता, वेद, उपनिषद्, यमुना, सेवा, सुरक्षा व संस्कारों के संवर्धन के साथ समाज के हर वर्ग को साथ लेकर चलने की आज महती आवश्यकता है.
इस अवसर पर विहिप कार्याध्यक्ष डॉ प्रवीण भाई तोगड़िया ने कहा कि १७ करोड़ हिन्दू आज भूखा सोता है, २० करोड़ निरक्षरता से पीड़ित है, हिन्दू न गाँव में सुरक्षित है न शहर में, ४५० से अधिक वर्षों के सतत संघर्ष के बावजूद भगवान श्रीराम की जन्मभूमि पर मंदिर को भव्यता नहीं दी जा सकी. हालांकि देश के ५३ हज़ार गाँवों में २० लाख से अधिक बच्चों को बिना किसी सरकारी सहयोग के हमने शिक्षा दी है, १५० से अधिक छात्रावासों के अलावा हज़ारों अन्य सेवा प्रकल्प चल रहे हैं, गौ मूत्र का पेटेंट हमने कराया है किन्तु अभी बहुत दूर तक जाना बाकी है. हिन्दुओं की सुरक्षा के लिए जटायु सूत्र पर चलते हुए हम जटायु की तरह लड़ेंगे और हिन्दू सुरक्षा के लिए एक बृहद कार्य योजना तैयार करेंगे. मंदिर का निर्माण १९८९ के धर्म संसद में पारित प्रारूप के अनुसार राम जन्मभूमि न्यास द्वारा उसी संकल्प के साथ होगा जिसमें “ मंदिर वहीँ, अयोध्या की सांस्कृतिक सीमा में मस्जिद नहीं, बाबरी देश में कहीं नहीं ” का नारा दिया गया था. हम भगवान श्री कृष्ण की तरह सबको समझा बुझाकर संसदीय कानून के माध्यम से मंदिर को भव्यता प्रदान करेंगे. गाय के साथ कृषि की रक्षा होगी, हिन्दू समाज की आकांक्षाओं की पूर्ति हेतु हम जीयेंगे और मरेंगे. समाज व उसके निष्ठा केन्द्रों पर होने वाले किसी भी हमले पर विहिप का कोई भी कार्यकर्ता मौन नहीं रहेगा.
बैठक में अमेरिका, हौलैंड, ऑस्ट्रेलिया, होंगकौंग, मलेशिया, थाइलैंड, इटली, न्यू ज़ीलैंड, कनाडा, बंग्लादेश, नेपाल व कैरीबियन सहित विश्व के अनेक देशों के प्रतिनिधियों व संतों ने अपने-अपने देशों में हिन्दू समाज की स्थिति और संगठन द्वारा चलाए जा रहे विविध कार्यों का संक्षेप वृत्त प्रस्तुत किया. इसके अलावा विहिप के विविध आयामों तथा अनेक प्रान्तों ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्या व कार्यों पर प्रकाश डाला तथा अंतर्राष्ट्रीय महामंत्री श्री चम्पत राय ने गत ६ मास में संगठन द्वारा किये गए प्रमुख कार्यों का उल्लेख करते हुए अपना लेखा-जोखा प्रस्तुत किया.
सत्र में पूज्य संत जितेन्द्रनाथ जी महाराज व पूज्य स्वामी शुभधेन्द्र जी महाराज के साथ परिषद के अंतर्राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री राघव रेड्डी, कार्याध्यक्ष श्री अशोक चौगुले, महामंत्री श्री चंपत राय, संगठन महामंत्री श्री दिनेश चन्द्र सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित थे.
बैठक में संयुक्त महा-मंत्री डा सुरेन्द्र जैन ने देश में सामान नागरिक संहिता की आवश्यकता बताते हुए एक प्रास्ताव सदन के समक्ष रखा जिसे गोवा के श्री मधुकर राव दीक्षित के समर्थन के बाद ओउम की ध्वनी से पारित दिया. देश के विविध भागों में बढ़ रही गौ हत्या, हिन्दुओं व उनके आस्था केन्द्रों पर हो रहे हमले व उनके पलायन पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए “ पलायन नहीं – पराक्रम” के विविध बिन्दुओं पर भी विस्तार से चर्चा हुई. विहिप के महिला कार्यों के सन्दर्भ में केन्द्रीय उपाध्यक्षा श्रीमती मीनाक्षी ताई पेशवे व दुर्गावाहिनी संयोजिका माला रावल जी ने चर्चा की वहीं, नोटबंदी व गैरसरकारी संगठनों के संदर्भ में बने कानूनों व व्यवहारों की पारदर्शिता पर भी चर्चा हुई. विदर्भ प्रांत द्वारा लगाईं गई एक प्रदर्शनी का अनावरण डा प्रवीण भाई तोगडिया ने किया.
बैठक के अंतिम दिन श्री मिलेंद परांडे को विहिप के केन्द्रीय संयुक्त महामंत्री, श्री मनोज वर्मा को बजरंग दल के राष्ट्रीय संयोजक तथा श्री सोहन सिंह को सह-संयोजक सहित प्रातों व आयामों के अनेक नए पदाधिकारियों की घोषणा भी की गई. संयुक्त महा मंत्री श्री विनायक राव जी ने कहा कि ६७३२ प्रखंड समितियों व लगभग ७१ हजार कुल समितियों के माध्यम से हम अपने कार्य को आगे आने वाले समय में और गति देंगे. आगामी ५ जनवरी को गुरु गोविन्द सिंह जी महाराज की ३५०वीं जयंती तथा माघ पूर्णिमा यानि 10 फरवरी को संत रवि दास कि जयंती के साथ बौद्ध पूर्णिमा यानि 10 मई को महात्मा बुद्ध कि जयंती को परिषद हर स्तर पर मनाएगी.

विनोद बंसल, राष्ट्रीय प्रवक्ता, विश्व हिन्दू परिषद
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