श्रीराम जय राम जय जय राम, শ্ৰীৰাংজয়ৰাংজয়জয়ৰাং, শ্রীরাম জয় রাম জয় জয় রাম , શ્રીરામ જય રામ જયજય રામ, ಶ್ರೀರಾಮಜಯರಾಮಜಯಜಯರಾಮ, ശ്രിറാം ജയ് റാം ജയ്‌ ജയ് റാം, శ్రీరాంజయరాంజయజయరాం

ShriRam Navami Procession.श्रीराम जन्मोत्सव शोभायात्रा.

 New Delhi. April 12, 2011.

Shri Ram Navami procession was arranged with great zeal under the guidance of Indraprastha Vishva Hindu Parishad by Hindu Parva Samanvaya Samitee and other religious, cultural, social & educational institutions in Delhi. Around 200 Jhankis & Bhajan Mandalis were decorated by devotees. Jhanki (tableaus) of Ram Janm Bhoomi temple and dozens of students dressed up as lord Ram were amongst the centre of attractions. Office bearers related to different institutions were seen bearing Bhagva shafa (saffron turban) in an open jeep preceded by the Shri Hanuman Dhwaja (flag) and followed by well decorated 21 horses and 51 odd bikes with band parties playing Sri Ram Dhun, singing and dancing.

The international organizing secretary of Vishwa Hindu Parishad (VHP) shri Dinesh Chandra, Delhi Mayor shri Prithvi Raj Shahni, chairman standing Committee-MCD shri Yogendra Chandoliya and prominent sants jointly ignited Lamps to inaugurate the procession. Speaking on the occasion, Delhi Mayor said that residents of Delhi are eager to see a glorious temple at the birth place of lord Ram. Shri Dinesh Chandra of VHP said that shri Ram is the cultural hero of every Bharteey. After the verdict of the learned Judges that “it is the birth place of lord Ram”, “deity will remain here” and “Pooja will continue”, no one can stop us building a glorious temple in Ayodhya. The govt. of Bharat should act fast to pave the way in this direction by allotting 67 Acres of land designated for the purpose.

The international Vice president of VHP Shri Om Prakash Singhal, its Delhi state president shri Swadesh pal Gupta, Senior vice presi. Shri Rajendra Prasad, General secretary shri Satyendra Mohan, organizing secretary shri Karuna Prakash, chairman of the Hindu Parwa Samanwaya Samitee Swami Raghwanand ji, president shri Rajneesh Goyanka, general secretary shri Anil Mittal, chairman of the Sanatan Dharma Pratinidhi Sabha shri Manohar Lal Kumar, president of Dharm yatra Maha Sangh shri Mange Ram Garg, general secretary of Delhi unit of Sant Mahamandal Mahant shri Naval Kishore das, sant shri Vivek shah ji Maharaj, shri Ramkishan Das Mahatyagi of Hanuman Vatika, convenor of Delhi unit of Bajrang Dal Sailendra Jaiswal were amongst the number of Saints, sages and representatives of various organisations who threw light on the incarnation of Bhagwan Shri Ram & its relevance today.

Detailing about the yatra, the Spokesperson of the samittee shri Vinod Bansal said Tableaus on Environment, Hindu Help Line, Ram Temple in Ayodhya were amongst the catchy items of the procession. Participation in large number by ISKCON, Patanjali Yog peeth, Agroha Vikas Trust, Arya Samaj, Brahm Kumaris, Valmiki Samaj, Jain samaj, Ravidas samaj & Buddhists followers made the procession all in one.

Yatra was started at 2.30 p.m. from Ram Leela Maidan and ended at Gangeshwar Dham Karol Bag. Thousands of People gathered at various places such as Asaf ali Road, Dariya ganj , town hall, M.M. Road etc to welcome the Yatra. It was concluded with the blessings of swami Anand Bhaskar ji maharaj of Gangeshwar dham.

दिल्ली में निकली रामनवमी पर विशाल शोभायात्रा

नई दिल्ली। अप्रेल 12, 2011। इन्द्रपस्थ विश्व हिन्दू परिषद् के तत्वावधान में हिन्दू पर्व समन्वय समिति, दिल्ली एवं दिल्ली की विभिन्न धार्मिक, सामाजिक, शैक्षणिक संस्थाओं द्वारा श्रीराम नवमी के पावन अवसर पर रामलीला मैदान से गंगेश्वर धाम, करोल बाग तक विशाल शोभायात्रा का आयोजन किया गया। शोभायात्रा में 200 से अधिक विभिन्न स्वरूपों की झांकियां एवं भजन मण्डलियां सम्मिलित थीं जिसमें मर्यादा पुरूषोत्तम भगवान श्रीराम की जन्म स्थली अयोध्या में बनने वाले मंदिर की झांकी तथा भगवान राम के स्वरूप बने दर्जनों बच्चे आकर्षण के केन्द्र थे। सर्वप्रथम हनुमान ध्वज के साथ खुली जीप में विभिन्न संस्थाओं के पदाधिकारी भगवा साफा बांधे चल रहे थे तत्पश्चात बाइक सवारों के साथ श्रीराम धुन बजाते अनेक बैण्डबाजों के बीच विविध रूपों की सुन्दर झाँकियां चल रही थीं।

शोभायात्रा का शुभारम्भ विश्व हिन्दू परिषद् के अंतर्राष्ट्रीय संगठन महा मंत्री श्री दिनेश चन्द्र, दिल्ली के मेयर श्री प्रथ्वी राज साहनी तथा दिल्ली नगर निगम की स्थाई समिति के अध्यक्ष श्री योगेन्द्र चन्दोलिया के साथ उपस्थित प्रमुख संतों ने दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर बोलते हुए दिल्ली के मेयर ने कहा कि विश्व का कोई कोना ऐसा नहीं है जहां राम के उपासक न हों। अब तो प्रत्येक दिल्ली वासी उस दिन की प्रतीक्षा में है जब अयोध्या में भव्य मन्दिर के दर्शन होंगे। संतों के अव्हान पर दिल्ली का हर व्यक्ति मंदिर निर्माण के लिए अयोध्या जाने को तैयार है। श्री दिनेश चन्द्र ने कहा कि भगवान राम के जीवन का प्रत्येक प्रसंग प्रेरणा दायी है तथा वे हमारी संस्कृति के मूलाधार हैं। तीनों माननीय न्यायाधीशों का यह कहना कि “जन्म भूमि यही है”, “भगवान का विग्रह यहीं रहेगा” तथा “निरन्तर पूजा होती रहेगी” प्रशंसनीय है। न्यायालय के निर्णय के बाद अब दुनिया की कोई ताकत अयोध्या में जन्म स्थली पर बनने वाले भव्य मन्दिर को रोक नहीं सकती है। उन्होंने कहा कि भारत सरकार को इस हेतु अपने कर्तव्य का पालन करते हुए 67 एकड भूमि अविलम्ब राम लला को सौंपनी चाहिए।

इस अवसर पर विश्व हिन्दू परिषद् के अन्तर्राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री ओमप्रकाश सिंहल, इन्द्रप्रस्थ विहिप के अध्यक्ष श्री स्वदेशपाल गुप्ता, वरिष्ठ उपाध्यक्ष श्री राजेन्द्र प्रसाद, महामंत्री श्री सत्येन्द्र मोहन हिन्दू पर्व समन्वय समिति के चेयर मैन स्वामी राघवानन्द, अध्यक्ष श्री रजनीश गोयन्का, महामंत्री श्री अनिल मित्तल, सनातन धर्म प्रतिनिधि सभा के चेयरमैन श्री मनोहरलाल कुमार, धर्मयात्रा महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री मांगेराम गर्ग, दिल्ली संत महामंडल के महामंत्री महंत नवलकिशोर दास, हनुमान वाटिका के पूज्य महंत श्री रामकृष्ण दास महात्यागी, श्री विवेक शाह जी महाराज, बजरंग दल दिल्ली के संयोजक श्री शैलेन्द्र जायसवाल सहित अनेक संस्थाओं के पदाधिकारियों ने भगवान श्रीराम के प्राकट्य दिवस पर प्रकाश डाला। बाद में इन सभी लोगों ने शोभायात्रा की आगवानी की।

समिति के प्रवक्ता श्री विनोद बंसल ने बताया कि आज की इस भव्य शोभायात्रा में सनातन धर्म प्रतिनिधि सभा, इन्द्रप्रस्थ सनातन धर्म परिषद्, इस्कोन, ब्रह्म कुमारी विश्व विद्यालय, पतंजलि योग पीठ, अग्रोहा विकास ट्रस्ट, सनातन संस्था, आर्य समाज, जैन समाज, बाल्मीकि समाज, रविदास समाज, बौद्ध समाज सहित विभिन्न मत-पंथ सम्प्रदायों व मन्दिरों की झांकियां विविधता में एकता के दर्शन करा रहीं थीं। पर्यावरण, हिन्दू हेल्प लाइन तथा ऐसे अनेक विषय भी यात्रा के दौरान चर्चा में थे।

रामलीला मैदान से प्रारम्भ होने के पश्चात यात्रा का आसफ अली रोड, दरियागंज, चांदनी चौक, टाऊन हाल, खारी बावली, सदर बाजार, पहाडी धीरज, एम.एम. रोड, माडल बस्ती आदि क्षेत्रों में भव्य स्वागत हुआ। यात्रा दोपहर 2.30 बजे रामलीला मैदान से प्रारम्भ होकर गंगेश्वर धाम, करोल बाग में पूज्य स्वामी आनंद भास्कर जी महाराज के आशीर्वचन के पश्चात सम्पन्न हुई।