श्रीराम जय राम जय जय राम, শ্ৰীৰাংজয়ৰাংজয়জয়ৰাং, শ্রীরাম জয় রাম জয় জয় রাম , શ્રીરામ જય રામ જયજય રામ, ಶ್ರೀರಾಮಜಯರಾಮಜಯಜಯರಾಮ, ശ്രിറാം ജയ് റാം ജയ്‌ ജയ് റാം, శ్రీరాంజయరాంజయజయరాం

मातृशक्ति सम्मेलनों में जुटी महिलाओं ने ली देश-धर्म रक्षा शपथ

महिला संमेलन कराड येथे वेणूताई चव्हाण सभागृहात संपन्न झाले.

KA_3632दि. १९ एप्रिल: विश्व हिंदू परिषदेच्या सुवर्ण जयंती वर्षातील कार्यक्रमाचा एक भाग म्हणून कोल्हापूर विभागाचे (कोल्हापूर, सांगली, सातारा जिल्ह्यांचे) महिला संमेलन दि. १९ एप्रिलला कराड येथे वेणूताई चव्हाण सभागृहात संपन्न झाले. या संमेलनात ५०० पेक्षा अधिक महिला सहभागी झाल्या होत्या. त्यात मुख्य वाटा अर्थात कराडचाच होता. सुरुवातीला मा. अलकाताई परुळेकर यांनी आपल्या ओघवत्या भाषणात स्त्रीशक्तीचे दर्शन घडवून विश्व हिंदू परिषदेच्या कामातील महिलांचे योगदान हा विषय मांडला.  प्रदेश मंत्री श्री. बाबूजी नाटेकर यांनी सेवा-संस्कार-संघटन या त्रिसूत्रीतून चालणाऱ्या विश्व हिंदू परिषदेच्या कामाचा परिचय करून दिला. सोलापूरच्या सुप्रसिद्ध सामाजिक कार्यकर्त्या अॅड. सौ. अपर्णाताई रामतीर्थकर यांनी आपल्या जोशपूर्ण KA_3617व्याख्यानात हिंदू संस्कारांचे महत्व सांगताना या संस्कारांच्या अभावी आज उद्भवलेल्या परिस्थितीची जाणीवही करून दिली.  ‘लव्ह जिहाद’च्या समस्येचाही त्यांनी अनेक उदाहरणे देऊन उहापोह केला व सावधगिरीचा इशाराही दिला. पसायदानानंतर कार्यक्रमाचा समारोप झाला.


  अधिकारों के साथ दायित्वों को भी समझें महिलाएँ: मालती शर्मा

PHOTO 150403 OLD LADY BEING FALICITATED BY MATRI SHAKTI SAMMELANनई दिल्ली, 03 मई 2015। विश्व हिंदू परिषद की स्वर्ण जयंती वर्ष के उपलक्ष्य में राजधानी दिल्ली में जगह-जगह मातृशक्ति सम्मेलनों का आयोजन कर विहिप की महिला शाखा मातृशक्ति व दुर्गावाहिनी इन दिनों महिला सशक्तिकरण तथा राष्ट्र उत्थान के कार्य में जुटी है। पूर्वी दिल्ली मे हुए एक सम्मेलन को संबोधित करते हुए मातृशक्ति की क्षेत्रीय (उत्तर भारत) संयोजिका श्रीमती मालती शर्मा ने समाज, संगठन व परिवार में महिलाओं की भूमिका विषय पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आज महिला अधिकारों व उसकी स्वच्छंदता की बात तो चारों ओर हो रही है किंतु त्याग की प्रतिमूर्ति और परिवार की धुरी माने जाने वाली मातृशक्ति को हम भुलाते जा रहे हैं। बहन, पत्नी, माँ, दादी, नानी, मासी और बुआ जैसे सम्मान व गौरव आज विलुप्त प्रायः होते जा रहे हैं। इन्हें संरक्षित करने की आवश्यकता है।

उपस्थित मातृशक्ति ने देश व धर्म की रक्षार्थ अपना सर्वस्व न्योछावर करने की शपथ भी ली। विस्तृत जानकारी देते हुए विहिप के प्रवक्ता श्री विनोद बंसल ने बताया कि पूर्वी दिल्ली के न्यू अशोक नगर स्थित महाराजा अग्रसेन धर्मशाला व दक्षिणी दिल्ली के जीके-2 स्थित श्री सनातन धर्म मंदिर में आयोजित इन मातृशक्ति सम्मेलनों में महिलाओं का अपार जनसमूह उमड़ा। इस अवसर पर जहाँ दुर्गा-वाहिनी की बहनों ने योग, नृत्य तथा शारीरिक कौशल के साथ गीत व भजन गाये वहीं समाज के विविध क्षेत्रों में न्यूनतम स्तर पर कार्य कर रहीं अनेक बालिकाओं व बुजुर्ग महिलाओं का सम्मान भी किया गया। मातृशक्ति की दिल्ली प्रांत संयोजिका श्रीमती संध्या शर्मा व श्रीमती सोमती देवी की अध्यक्षता में संपन्न कार्यक्रमों को राष्ट्रीय सेविका समिति की पूर्वी दिल्ली विभाग कार्यवाहिका अंजु शर्मा तथा गुड़गांव से पधारी दुर्गा-वाहिनी नगर संयोजिका प्रो डॉ इंदू ने वक्ता के रूप में सहभागिता की।

मातृशक्ति की प्रांत सह संयोजिका श्रीमती नूतन जैन व दुर्गा-वाहिनी की प्रांत संयोजिका श्रीमती संजना चौधरी तथा सह संयोजिका कुमारी कुसुम ने भी उपस्थित बालिकाओं, मातृशक्ति व वरिष्ठ महिलाओं का सम्मान, स्वागत व संबोधन किया। इस अवसर पर विहिप के प्रांत महामंत्री श्री राम कृष्ण श्रीवास्तव, मंत्री श्री विजय प्रकाश गुप्त, श्री जगदीश अग्रवाल, विभाग उपाध्यक्ष श्री महेश शर्मा, मंत्री श्री पीयुष चंद्र, जिला मंत्री श्री केदारनाथ, दीपक खन्ना, राकेश भारद्वाज, रेखा व सुनीता, ममता व अंजु सहित अनेक गणमान्य लोग उपस्थित थे।

PHOTO 150403- VANDE MATARAM AT THE END OF MATRI SHAKTI SAMMELAN

PHOTO 150403 YOUNG DURGA BEING FALICITATED BY MATRI SHAKTI SAMMELAN