श्रीराम जय राम जय जय राम, শ্ৰীৰাংজয়ৰাংজয়জয়ৰাং, শ্রীরাম জয় রাম জয় জয় রাম , શ્રીરામ જય રામ જયજય રામ, ಶ್ರೀರಾಮಜಯರಾಮಜಯಜಯರಾಮ, ശ്രിറാം ജയ് റാം ജയ്‌ ജയ് റാം, శ్రీరాంజయరాంజయజయరాం

राममंदिर निर्माण के संकल्प के साथ संपन्न हुई अशोक सिंघल जी की श्रद्धांजलि

प्रेस विज्ञप्ति

नई दिल्ली 22 नवम्बर 2015 | दिल्ली के के.डी. जाधव रेसलिंग स्टेडियम में आज विश्व हिन्दू परिषद् के संरक्षक व हिंदुत्व के महामानव श्री अशोक सिंहल की श्रद्धांजलि सभा राममंदिर निर्माण के संकल्प के साथ संपन्न हुई | राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघाचालक मोहनराव भागवत जी ने मेदान्ता अस्पताल में भर्ती अशोक सिंघल जी के साथ हुई उस वार्ता की चर्चा करते हुए सभा को बताया कि अशोक सिंघल जी ने अपने जीवन में दो संकल्प किये थे : एक अयोध्या में भगवान राम के भव्य मंदिर का निर्माण करना और दूसरा संसार में वेदों का प्रचार–प्रसार करना | मोहन भागवत जी ने कहा कि हमें अशोक सिंघल जी के संकल्प को पूरा करने हेतु उनके संकल्प को अपना संकल्प बनाना होगा | ईश्वरीय कार्य तो अवश्य पूर्ण होगा, बस हमें निमित्त मात्र बनना होगा |

विश्व हिन्दू परिषद् के अध्यक्ष श्री राघव रेड्डी जी ने अशोक सिंघल जी को इक्कीसवी सदी का विवेकानंद बताते हुए उन्हें अपना गुरू व मार्गदर्शक बताया | विश्व हिन्दू परिषद् के कार्याध्यक्ष डा. प्रवीण तोगडिया ने अशोक सिंघल जी को संत–सेनापति और भारत की राजनीति में धर्म को पुर्नस्थापित वाला बताते हुए कहा कि उन्होंने 23 प्रतिशत जनसंख्या द्वारा 77 प्रतिशत पर वीटो पावर के इस्तेमाल पर अंकुश लगाया | छुआछूत का उन्मूलन, अविरल व निर्मल गंगा, गौवध पर अंकुश तथा एक लाख से अधिक गैर ब्राह्मणों को अर्चक पुरोहित बनाकर हिंदुत्व के विजय का शंखनाद किया | उन्होनें कहा कि अयोध्या में भव्य राममंदिर निर्माण हेतु मात्र एक ही रास्ता है कि देश की संसद सोमनाथ की तर्ज़ पर राम मंदिर निर्माण हेतु अविलम्ब क़ानून बनायें |

भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता डा. मुरली मनोहर जोशी ने अशोक सिंघल को अपनी श्रद्धांजली देते हुए कहा कि वे सर्वधर्म समभाव के प्रबल समर्थक और एक प्रकाशपुंज थे जिसकी पूर्ति हम सभी छोटे–छोटे दीपक के रूप में उनके दिखाए मार्ग पर चलकर कर सकते हैं |

भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने अपने श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए अशोक सिंघल जी को साहसी, पराक्रमी, अडिग, अचल तथा विनम्र बताते हुए कहा कि उनके जाने से एक युग का अंत हो गया है, जिसकी पूर्ति नहीं की जा सकती है |

हालैंड से पधारे राजा लुईस ने अपनी श्रद्धाजंली व्यक्त करते हुए कहा कि देवभूमि व वेदभूमि के रूप में अशोक सिंघल ने संसार में भारत का परिचय करवाया | इस अवसर पर साध्वी ऋतंभरा, सतपाल जी महाराज, स्वामी चिदानंद मुनि, वरिष्ठ पत्रकार राम बहादुर राय, तरुण विजय, वीरेश्वर द्विवेदी, नवीन कपूर, विष्णु हरि डालमिया, सलिल सिंघल, महेश भागचंदका इत्यादि लोगों ने सभा को संबोधित किया |

इस अवसर पर संघ–परिवार के दत्तात्रेय होसबले जी, कृष्ण गोपाल जी, दिनेश चन्द्र जी, चम्पत राय जी, विनायकराव देशमुख जी, विज्ञानानंद जी, रामलाल जी, श्याम जाजू जी, भूपेन्द्र यादव जी, अनिल जैन जी, दीनानाथ बत्रा जी के साथ–साथ भारत सरकार के केन्द्रीय मंत्री श्री रविशंकर जी, साध्वी निरंजन ज्योति जी, जे. पी. नड्डा जी, डॉ. हर्षवर्धन जी के साथ–साथ अनेक गणमान्य लोगों से स्टेडियम खचाखच भरा था | अशोक सिंघल जी की श्रद्धांजली सभा में राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी, दलाई लामा, आशाराम बापू, सुधांशु जी महाराज, रॉयल भूटान सरकार, नेपाल के उपप्रधानमंत्री, मुलायम सिंह यादव, शीला दीक्षित जैसे कई वरिष्ठ नेताओं का सन्देश पढ़ा गया |


Press Release:

Tributes paid to shri Ashok Singhal with pledge for Ram Temple in Ayodhya New Delhi November 22,2015. Thousands of people from different walks of life today paid rich tributes to late shri Ashok Singhal in a condolence meeting held in KDJadhav wrestling stadium at Indira Gandhi sports complex New Delhi.

Sharing his memories, RSS Chief Mohan Bhagwat said that Singhal was a orator par excellence, true stalwart of hindutva movement, a good classical singer and a guiding force for all. Shri Bhagwat further stated that shri Ashok Singhal had two resolves in life : re-Building glorious temple of bhagwan Ram in Ayodhya & spreading Vedic wisdom in the world. The real tribute to him will be putting our complete strength towards fulfilment both of his resolves,he added.

BJP Veteran Dr Murli Manohar Joshi shared anecdotes from his 60+ years of companionship with Ashok Singhal. He said Ashok Singhal was a deeply spiritual person. He was fully committed to the spread of vedic wisdom & values in the world. He said that Ram & Bharat are synonymous to each other. He said that there are misconceptions about Ashok Singhal’s personality. He was a spiritual & unifying person. It was the Miracle of his personality that he brought leaders of all communities & sects together on one platform.

BJP President Amit Shah who specially flew back to Delhi for this condolence meeting after casting his vote in Ahmedabad, said the demise of Ashok Singhal was an irreparable loss to the Sangh Parivar & the nation as a whole. He was the architect as well as leader of the biggest mass movement of India post independence.

VHP Working President Dr Praveen Togadia said it was Ashok Singhal who transformed Vishva Hindu Parishad into an organisation which has spread in all parts of the country & world. He said Ashok Singhal was committed for elimination of caste based bias. The Central government should pass an act in parliament to construct a Ram temple in Ayodhya, it’ll be a fitting tribute to Shri Ashok Singhal. > VHP President Raghav Reddy said that the role of Ashok Singhal was instrumental in bringing the whole hindu community together. His sole aim was to ensure the upliftment of downtrodden classes & the overall progress of the nation. > Spiritual leader Sadhvi Ritambhara said that Ashok Sinhal inspired millions of lives with his deeds. She said that Ashok Singhal was synonymous with VHP. Real tribute to him will be construction of a Ram temple at Ayodhya. > Present on the occasion were Senior Ministers from the Central government Ravishankar Prasad, Dr Harshvardhan, JP Nadda, Sadhvi Niranjana Jyoti, Swami Gyananand, Swami Chidanand Muni of Rishikesh, Swami Raghavanand of Delhi Sanatan Dharma Pratinidhi Sabha, several MPs, Senior Journalist Rambahadur Rai, leading Industrulist & Ex president VHP Vishnu Hari Dalmia, Amity University Founder Ashok Chauhan, leading saints and representatives from sikh, jain, bauddh communities and various Socio-cultural organisations.