Press statement of Shri Alok Kumar Advocate, International Working President of VHP

New Delhi 29 January 2019 – VHP welcomes the application of Union Government to the Hon’ble Supreme Court for restoring 42 acres of land of Ram Jaanam Bhumi Nyas to it. The Nyas had obtained the land for the construction of Shri Ram Mandir.
The Union Govt. had acquired a total of 67.703 acres of land in 1993. This included the land of Ram Janam Bhumi Nyas.
The land under litigation i.e. where the disputed structure existed, admeasures only 0.313 acres.
All other land including of Ram Janam Bhumi Nyas is not under any dispute. The Hon’ble Supreme Court had said in M. Ismail case that the superfluous land shall be returned to its owners.
The VHP hopes that the Hon’ble Supreme Court shall expeditiously decide the application filed  by Govt. of India.
Alok Kumar, Advocate, International Working PresidentVishva Hindu Parishad

नई दिल्ली जनवरी 29, 2019. केंद्र सरकार द्वारा राम जन्म भूमि न्यास की 42 एकड़ भूमि को उसे वापस दिए जाने संबंधी केंद्र सरकार की माननीय सर्वोच्च न्यायालय में दी गई प्रार्थना का विश्व हिन्दू परिषद् ने स्वागत किया है. न्यास ने यह भूमि भगवान श्री राम की जन्मभूमि पर मंदिर हेतु ली थी.
भारत सरकार ने 1993 में कुल मिला कर 67.703 एकड़ भू भाग का अधिग्रहण किया था. यह भू भाग राम जन्म भूमि न्यास की भूमि को मिला कर था.
इसमें से मात्र 0.313 एकड़ ही न्यायालय में विवादित है. राम जन्मभूमि न्यास की भूमि को मिलाकर शेष सभी भू भाग पर किसी प्रकार का कोई विवाद नहीं है. माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने मो इस्माइल फारुकी वाद में कहा भी था कि बाहर का अविवादित भू भाग उनके मालिकों को बापस दिया जाएगा.
विहिप को विश्वास है कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय केंद्र सरकार की इस अर्जी का शीघ्र निपटारा करेगा.
(एडवोकेट आलोक कुमार, अंतर्राष्ट्रीय कार्याध्यक्ष, विश्व हिन्दू परिषद्)
जारी कर्ता :
विनोद बंसल
(राष्ट्रीय प्रवक्ता)
विश्व हिन्दू परिषद्
ट्वीट: @vinod_bansal
M – 9810949109

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